Fri, 28 Feb 2025 18:00:58 - By : SANDEEP KR SRIVASTAVA
खागा: एंटी करप्शन टीम की एक बड़ी कार्रवाई में खागा क्षेत्र के एक सहायक अध्यापक को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों दबोचा गया है। मामला ए.बी.एस.ए. खागा के एक स्कूल का है, जहां सहायक अध्यापक काफी लम्बे समय से अवैध वसूली कर रहा था। उस पर आरोप है कि वह शिक्षा से जुड़े कार्यों में रिश्वत लेकर काम करवाता था।
एंटी करप्शन टीम को इस मामले की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने छापेमारी की और सहायक अध्यापक को रिश्वत लेते हुए पकड़ा। टीम ने इस दौरान सबूतों को सुरक्षित कर लिया है। सूत्रों के अनुसार, सहायक अध्यापक को काफी लम्बे समय से उच्च अधिकारियों का आशीर्वाद प्राप्त था, जिसके चलते वह बेखौफ होकर अवैध कार्य कर रहा था।
इस मामले में ए.बी.एस.ए. खागा के कई अधिकारियों की भूमिका भी संदिग्ध मानी जा रही है। सूत्रों का कहना है कि इस मामले में और भी अधिकारियों पर गाज गिर सकती है। मामला सामने आने के बाद ए.बी.एस.ए. खागा के कार्यालय में हड़कंप मच गया है।
खागा तहसील क्षेत्र के कुटीर विद्यालय में तैनात सहायक अध्यापक को विजिलेंस टीम में बीस हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया। विजिलेंस टीम सहायक अध्यापक को अपने साथ ले गई।
बताया जा रहा है कि सुल्तानपुर घोस गांव निवासी संदीप गुप्ता कुटीर में स्थित विद्यालय में सहायक अध्यापक पद पर कार्यरत है। शुक्रवार की सुबह विद्यालय के पास स्थित एक दुकान पर वह बीस हजार रुपये की रिश्वत ले रहे थे। इसी दौरान एंटी करप्शन की टीम ने उसे रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया।
सहायक अध्यापक ने बताया कि ऐरायां ब्लाॅक के क्षेत्र में तैनात खंड शिक्षा अधिकारी के लिए उन्होंने यह रिश्वत ली थी। सूत्रों की माने तो एक कंपोजिट विद्यालय के प्रधानाध्यापक के कहने पर उन्होंने यह रिश्वत ली थी। जहां रिश्वत देने वाले व्यक्ति ने पहले ही एंटी करप्शन विभाग को सूचित किया था। जिससे सहायक अध्यापक को रंगे हाथ गिरफ्तार किया जा सके।
वहीं, मामले में शामिल सहायक अध्यापक के साथ-साथ ए.बी.एस.ए. खागा के कुछ अधिकारियों के फोन भी बंद पाए गए हैं और वे फरार हो गए हैं। एंटी करप्शन टीम ने इस मामले की गहन जांच शुरू कर दी है और जल्द ही और बड़े खुलासे होने की उम्मीद है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि शिक्षा विभाग में भ्रष्टाचार की जड़ें काफी गहरी हैं और इस मामले में कड़ी कार्रवाई की जरूरत है। उन्होंने एंटी करप्शन टीम की इस कार्रवाई की सराहना की है और उम्मीद जताई है कि इससे भ्रष्टाचार पर अंकुश लगेगा।
इस मामले में अब तक किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया है, लेकिन जांच के दौरान और नाम सामने आने की संभावना है। एंटी करप्शन टीम ने इस मामले में पारदर्शिता बनाए रखने का आश्वासन दिया है और कहा है कि वह किसी भी दबाव में आए बिना निष्पक्ष जांच करेगी।
खागा थाना क्षेत्र में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है और लोगों की नजरें अब इस मामले में होने वाली कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।