झारखंड: साहिबगंज में रहस्यमयी बीमारी का प्रकोप, एक हफ्ते में 5 बच्चों की मौत, गांव में दहशत

झारखंड के साहिबगंज जिले के नगरभिता गांव में एक रहस्यमयी बीमारी फैल गई है, जिससे एक हफ्ते में पांच बच्चों की मौत हो गई है, और स्वास्थ्य विभाग जांच में जुटा है।

Wed, 26 Mar 2025 14:52:24 - By : SANDEEP KR SRIVASTAVA

झारखंड: साहिबगंज जिले के नगरभिता गांव में एक रहस्यमयी बीमारी ने दस्तक देकर लोगों में दहशत फैला दी है। बीते एक हफ्ते में इस अज्ञात बीमारी की चपेट में आकर पांच मासूमों की मौत हो चुकी है, जबकि 22 अन्य ग्रामीणों में भी इसके लक्षण देखे गए हैं। स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए गांव में चिकित्सा दल तैनात कर दिया है और बीमारी की जड़ तक पहुंचने के लिए जांच तेज कर दी गई है।

लक्षणों से डॉक्टर भी हैरान

बीमारी से प्रभावित लोगों में मलेरिया जैसे लक्षण दिखाई दे रहे हैं, जिनमें आंखों का पीला पड़ना, तेज बुखार, सर्दी-खांसी, सिरदर्द और कमजोरी शामिल हैं। मौत से पहले पीड़ित बच्चों में भी यही लक्षण देखे गए थे, जिससे गांव के लोग सहमे हुए हैं।

गांव के मुखिया मैसा पहाड़िया ने बताया, पहली बार इस तरह की रहस्यमयी बीमारी से हमारे गांव के मासूमों की जान जा रही है। लोग डर और सदमे में हैं।

स्वास्थ्य विभाग ने संभाला मोर्चा

रविवार को जैसे ही इस बीमारी की खबर फैली, स्वास्थ्य विभाग की एक टीम गांव पहुंची और मेडिकल कैंप लगाया गया। सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी रवि कुमार जाटव के मुताबिक, प्राथमिक जांच में कुछ मरीजों में मलेरिया के लक्षण मिले हैं। हालांकि, बीमारी की असली वजह जानने के लिए संक्रमित मरीजों और मृत बच्चों के रक्त के नमूने धनबाद लैब भेजे गए हैं।

सिविल सर्जन डॉ. प्रवीण कुमार संथालिया ने कहा, गांव में तीन चिकित्सा दल भेजे गए हैं। 22 लोगों के रक्त के नमूने लिए गए हैं। रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति साफ होगी कि यह कौन सी बीमारी है। फिलहाल, ओआरएस और सर्दी-खांसी की दवाइयां वितरित की जा रही हैं।

गांव में दहशत, सरकार से मदद की गुहार

गांव के लोग अब अपने बच्चों को लेकर खासे चिंतित हैं। वे सरकार से जल्द से जल्द उचित कदम उठाने और गांव में स्थायी मेडिकल सुविधा उपलब्ध कराने की मांग कर रहे हैं। इस रहस्यमयी बीमारी की असली वजह क्या है और यह कैसे फैली, इसका खुलासा आने वाली जांच रिपोर्ट से होगा। फिलहाल, गांव में मातम और डर का माहौल बना हुआ है।

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